Sach Ka Daayra Lyrics In Hindi – Daayra
Sach Ka Daayra Lyrics in Hindi sung by B Praak from the movie Daayra (2026). The song is written by Gulzar and the music is composed by Amit Trivedi. Music label Times Music. ▶ Watch on YouTube Sach Ka Daayra Lyrics in Hindi – Gulzar रात की ये सियाही जल के आखिर जब पिघलेगी वक़्त की हर कड़ी कहीं तो सच से जाके मिलेगी टुकड़ा टुकड़ा रोशनी, अँधेरा गहरा है उम्मीद पर लगा हुआ डर का पहरा है, पहरा है जिस्म जलते हैं कभी तो रूह जलती है किसको हम सही कहें, किसकी गलती है, गलती है सच तो सच है, अपनी चाल चलता रहता है सच का मगर दायरा बदलता रहता है रात की ये सियाही जल के आखिर जब पिघलेगी वक़्त की हर कड़ी कहीं तो सच से जाके मिलेगी रात की ये सियाही जल के आखिर जब पिघलेगी वक़्त की हर कड़ी कहीं तो सच से जाके मिलेगी सच तो सच है, अपनी चाल चलता रहता है सच का मगर दायरा बदलता रहता है Sach Ka Daayra Lyrics in English Raat ki ye sihaayi Jal ke aakhir jab pighlegi Waqt ki har kadi Kahin to sach se jaake milegi Tukda tukda roshni andhera gehra hai Umeed par laga ...