Wednesday, April 28, 2021

हे संकट मोचन करते है वंदन Lyrics

हे संकट मोचन करते है वंदन
तुमरे बिना संकट कौन हरे,
सालासर वाले तुम हो रखवाले,
तुम्हरे बिना संकट कौन हरे,

सिवा तेरे न दूजा हमारा,
तू ही आ कर के देता सहारा,
जो विपदा आये पल में मिट जाये,
तुम्हरे बिना संकट कौन हरे,

तूने रघुवर के दुखड़ो को टाला,
हर मुसीबत से उनको निकाला,
रघुवर के प्यारे, आँखों के तारे,
तुम्हरे बिना संकट कौन हरे,

अपने भगतो के दुखड़े मिटाते,
हर आफत से हम को बचा ते,
किरपा यु रखना थामे तू रखना,
तुम्हरे बिना संकट कौन हरे,
हे संकट मोचन करते है वंदन
तुमरे बिना संकट कौन हरे,
सालासर वाले तुम हो रखवाले,
तुम्हरे बिना संकट कौन हरे,

जय जय राम जय राम…..
जय जय राम जय जय राम…..

No comments:

Post a Comment

Featured post

यूँही बे-सबब न फिरा करो कोई शाम घर में रहा करो Yunhi Be-Sabab Na Fira Karo Koi Bashir Badr Ghazal

यूँही बे-सबब न फिरा करो कोई शाम घर में रहा करो वो ग़ज़ल की सच्ची किताब है उसे चुपके चुपके पढ़ा करो कोई हाथ भी न मिलाएगा जो गले मिलोगे तपाक स...